खामोशी
वो पुरानी यादें जो भूलता आया, वो रुहानी सरहदे जो छोड़ता आया, वो आसमानी आहटें पे चलता आया, वो सुहानी हसरतों जो सलता आया, मै उसी रौशनी को पाने लगा हूं, मै उसी चांदनी को पाने लगा हूं, मै उसी मोसीकी को पाने लगा हूं, मै उसी खामोशी को पाने लगा हूं
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