दोहा
करो छात्र तुम ढंग से, समय का सदुपयोग। बाधित जुनून हो नहीं, लगे किताबी रोग।। कद्र समय की कीजिए, अवसर को पहचान। दे जो सँवार जिंदगी,उसका करना मान।। कर्मठ बनना सीख लो,समय अभी अनुकूल। करो सतत अभ्यास तुम, तनिक नहीं हो भूल।। छात्र धर्म के सार को, कर लो तुम सब ज्ञात। रहो अध्ययन रत सदा, चाहे जो हालात।। छात्र समय अनुकूल कर, सीखो उत्तम ज्ञान। रहना ज्ञानी संग में, समय जरा पहचान।। नरेंद्र सिंह 10.05.2025
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