शुरू कहा से करू !!
दोनों ही बैठे है खामोशी का माहौल है।। कहना चाहता हूं बहुत कुछ पर शुरू कहा से करू।। रोक भी नहीं सकता तुमने जाने का ठाना है।। तुम कहना चाहती हो अलविदा बस ये आख़िरी मुलाकात, एक बहाना है।। बात बहोत है कहने को दिल चाहता है, तुम्हारे साथ रहने को।। बात बहोत है, तुम्हे रोकने को पर शुरू कहा से करू।।
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