कांवरिया
कांवरियों को पुष्प वर्षा नहीं चाहिए चाहिए उसे राह में नुकीले पत्थर जो उसके पैरों को घायल करे, दर्द दे और उस दर्द के साथ मन का विकार निकले। कांवरियों को सेवा या मालिश नहीं चाहिए उसे चाहिए कष्ट, कठोरता और कठिनाई जिससे उसकी सहनशक्ति बढ़े, क्षमा बढ़े व्रत का उद्देश्य पूर्ण हो और उसकी क्षमता बढ़े । कांवरियों को मुफ्त में कुछ नहीं चाहिए उनको दया, दिखावा या दान नहीं चाहिए उनको सुविधाओं की उचित कीमत देने दें उनको उनके हिस्से का समर्पण करने दें। कांवरियों को शोभा यात्रा नहीं चाहिए भारी भरकम ध्वनि यंत्रों में भजन नहीं चाहिए कांवरियों को सुरक्षा नहीं चाहिए कोई घेराबंदी नहीं चाहिए इससे उनका ध्यान भटकेगा और जप रुकेगा। सुविधाओं के नाम पर आडंबर और दिखावे से अहित ही होता है कांवरियों का व्रत टूटता है भले ही आपको फायदा हो राजनीतिक लाभ मिले पर कांवरियों के संकल्प में बाधा बनाकर पाप ही मिलता है। जो कांवरिया होगा उसे पता होगा कि
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