बेगानी महफिल
करके अपनी तालीम बरबाद मैंने दोस्तो को था चुना, उन्ही दोस्तो ने पीठ पीछे मुझे बदनाम किया दस गुना, क्या करोगे बुरा बन कर हमसे, में वही हूं जो कहता था, घूमने जा रहा है? पेट्रोल अभी में भर दू न, के में नादान नही के समझ न पाऊं खंजर खोप कर बोले, मे हूं ना, : - संकेत जाधव
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