दोस्त दुष्मन
दोस्त दुष्मन ======================= कुछ लोग है...., मुझे बेईंत़हा प्यार करते है, वो मेरे दोस्त और कुछ दुष्मन है, मीले जुले. मै मरने से पहले बहुत कुछ, मुझसे......., करवाना तो चाहते है, कुछ इच्छे बुरे ऊनके हैसीयत के काम. मेरा अंजाम जो भी हो, वो ईतना काहा सोचते है, मीरी हसी खुषी से ऊनको मतलबही नहीहै. वो तो बस पैसा पैसा, सब पैसाही देखते है, शायद मीरे मरणे के बाद ही वो, सब मालके राजीखुषी मुझे, विदा कर शकते है......!. ईसीलिये सब मीलके अब वो, मरे मौत का ई़़ंंतजाम कर रहे है, मेरे आपनेही कुछ दोस्त, कुछ दुष्मन है, कुछ दुष्मन है. ==================
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