एक कश्ती 🖤
एक कश्ती जिसका किनारा नही वो कश्ती भी कोई आवारा नही बस ठुकरा दिया उसको लहरों ने गलत वक्त था कुसूर उसका सारा नहीं मिलती नहीं अब किसी नही लहर से वो मन उसका भी है पर उसके दिल को अब गवारा नहीं ❣️
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