सीसीटीव्ही के भरोसे
सामने वाले के औकात का पता, ना हो तो पहले पता कर लेना, सीसीटीव्ही के भरोसे तुम्हारी जी़दगी, आकल कम क्या काम की. " छ, "महीने की अमेरिकन....., पैसे से खरेदी तेरी डिग्री, और शरीरपे कुछ कपडे, मोबाईल और बस......,!, यही तेरी हैसीयत की काहानी. जरा संभल जा मेरे...., न्यारोमाईंड दोस्त....., ये जी़दगी है, सीसीटीव्ही फुटेज देखकर नही चलती, थोडा खुद्द दिमाग ईस्तमाल करणा पडता. वैसे समज जाये वो शयाने है, वरणा हम समझाने पर आमदा हो जाये तो, तुमको वो बहोत भारी है..., तुमको वो बहोत भारी है. =============
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