maa ka bete ke liye pyar
लोगों को कैसे पता होगा कितने दर्द है सीने में क्योंकि अब मां ही पुछती है कि बेटा मुझे तो बता दे क्या गम है तेरे ज़िन्दगी में और यूं क्यूं गुमसुम रहता है हर पल मां हूं तेरी कम से कम मुझसे तो खुल कर बात कर |
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