har har mahadev❤🥰
तुम महलों में रहने वाली, मेरा पर्वत पर वास प्रिये. तुम सादगी की सुन्दर मूरत, मैं एक फक्कड़ योगी प्रिये. मैं प्रलय की आँधी लाता, तुम सृष्टि का सार प्रिये. मैं भभूत से देह सजाता, तुम पर फबता श्रृंँगार प्रिये. मैं विष पी, जग की पीड़ा हरता, तुम रखती सती बन मेरा मान प्रिये. मैं आदिदेव भोला-भाला, तुम उमा, रमा, ब्रह्माणी प्रिये. प्रेम हमारा सदियों रहेगा, यूंँ विकल न हो मेरी प्राण प्रिये.
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