happy womens day
दिलों में बस जाये वो मोहोब्बत हूँ कभी बहन तो कभी ममता की मूरत हूँ मेरे आँचल में है सुकून की छाये मैं तो ममता में बसी कदमो की एक जन्नत हूँ हर गम को छुपा कर सीने में घूँट में आँसुओ का पीती हूँ हर रंग रूप में , मायके और ससुराल में यूं ढल जाती हूँ मैं तो सब्र की मिशाल , एक रिश्ते को बनाये रखने की ताकत हूँ मैं चाहूँ तो अपने हाथों से अपनी किस्मत बदल सकती हूँ सुन लो ए दुनिया वालो मैं एक औरत हूँ । Happy Womens Day .
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